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Sunday, July 4, 2010

विवेका के परिवार का दावा 'गौतम है झूठा'

मुंबई : माडल विवेका बाबाजी केस में एक नया मोड़ आ गया है। विवेका के परिवार वालों ने उसके मित्र गौतम वोरा पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं, परिवार के मुताबिक विवेका गौतम से शादी करना चाहती थी, और इस बात को लेकर ही वो तनाव में जी रही थी। वहीं परिवार का ये भी आरोप है कि गौतम ने पुलिस से सच्चाई छुपाई है और पुलिस के सामने कई तथ्य छुपाए हैं। विवेका के परिवार ने दोनों की कई ताज़ा तस्वीरें भी जारी की हैं। वहीं परिवार के लोगों कि ये भी दावा है कि विवेका की मौत के बाद गौतम ने जान-बूझ कर सोशल नेटवर्किंग साइट फ़ेसबुक से अपना अकाऊंट हटाया था।
न्यूज़लाईन
(इन्डिपेंडेंट न्यूज़ नेटवर्क)

नई दुनिया और राष्ट्रीय सहारा के पत्रकार की हत्या


दिल्ली: भ्रष्टतम विभागों में से एक पुलिस विभाग के 'जांबाजों' ने एक नक्सली नेता को मारने के चक्कर में एक पत्रकार को भी मार डाला। उत्पीड़न, वसूली और अमानवीयता के लिए कुख्यात पुलिस वालों की नाक में नकेल लगाने में सफल रहे नक्सलियों को तबाह कर देने के लिये पुलिस के लोग कुछ भी कर गुजरने को तैयार रहते हैं। इसी कारण सूचनाओं को वेरीफाइ कर सही 'एक्शन' लेने की जगह ये आंख मूंद कर किसी को भी गोली मार देते हैं। अगर पुलिस के लोग ऐसी हरकत करेंगे तो इनमें और दूसरों में क्या फर्क रह जाएगा। मामला एक पत्रकार के पुलिस मुठभेड़ में मारे जाने का है। शीर्ष नक्सली नेता आजाद के साथ मारा गया दूसरा शख्स नक्सली नेता नहीं बल्कि हेमचंद्र पांडेय नाम का एक पत्रकार था। ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, 1990 के आसपास पुलिस ने हैदराबाद के करीब एक माओवादी नेता के साथ उर्दू पत्रकार गुलाम रसूल को उस समय गोली मार दी थी, जब वे इंटरव्यू ले रहे थे। हेमचन्द्र पांडे दिल्ली स्थित पत्रकार थे जो नई दुनिया और राष्ट्रीय सहारा समाचार पत्रों के लिए लिखते थे। गुड्सा उसेंडी का कहना है कि पत्रकार को केवल इसलिए मारा गया क्योंकि वो आज़ाद के पकड़े जाने और उनकी हत्या के गवाह थे, और पुलिस ने इस घटना की सच्चाई को छुपाए रखना चाहती थी। उसेंडी ने यह भी कहा कि आज़ाद चाहते थे कि ऑपरेशन ग्रीन हंट को रोका जाए और दोनों ही तरफ़ से एक साथ युद्ध विराम लागू किया जाए, जिस तरह से आज़ाद को पकड़ कर मारा गया उससे यह साबित हो गया है कि चिदंबरम के प्रस्ताव झूठे थे।



धोनी हुए "क्लीन बोल्ड़"


देहरादून: टीम इंडिया के कप्तान और देश के करोड़ों क्रिकेट प्रेमियों के दिलों की धड़कन, महेंद्र सिंह धोनी ने साक्षी रावत से साथ सगाई कर ली है। धोनी और साक्षी बचपन के मित्र हैं। दोनों ने अपने स्कूल की पढ़ाई डीएवी श्यामली में की। साक्षी रावत फिलहाल होटल मैंनेजमेंट की छात्रा हैं। पिछले दो सालों से धोनी और साक्षी के बीच प्रेम संबंध को लेकर अटकलें लगाई जाती रही हैं जिस पर आज मुहर लग गयी है। शनिवार शाम से ऐसा अनुमान लगाया जा रहा था कि धोनी और साक्षी आज सगाई कर सकते हैं। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था में धोनी ने देहरादून स्थित होटल कॉम्पीटेंट में सगाई की। इस सगाई में धोनी और साक्षी के परिवार के लोग ही शामिल थे, क्योकी धोनी इस सगाई को पूरी तरह से गोपनीय और मीडिया की चकाचौंध से दूर रखना चाहते थे और इसी बात को ध्यान रखते हुए उन्होंने अपनी सगाई के बारे में किसी को कानो-कान खबर नहीं होने दी। हालांकि इस सगाई को लेकर धोनी की ओर से कोई औपचारिक पुष्टि नहीं हुई है, पर उनके जीजा ने इस खबर की पुष्टि कर दी है।

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