छठे वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने समेत सात सूत्री मांगों को लेकर बिहार के करीब ढाई लाख अराजपत्रित कर्मचारी सोमवार से बेमियादी हड़ताल पर चले गये। बिहार राज्य के अराजपत्रित कर्मचारी संघ के नेताओं का मानना है, कि इस हड़ताल से बिहार सरकार को काम में नुकसान होगा और राज्य भी प्रभावित होगा। हालांकि राज्य सचिवालय के कर्मचारी हड़ताल में शामिल नहीं हैं लेकिन उनका कहना है कि अगर हड़ताली कर्मचारियों की मांगों को जल्द नहीं माना गया तो वो भी इस हड़ताल में शामिल हो जाएंगे।इससे पहले राज्यकर्मी सात जनवरी 2009 को बेमियादी हड़ताल पर चले गये थे और 34 दिनों के बाद नौ फरवरी को सरकार से समझौते के बाद उनकी हड़ताल खत्म हुई थी।
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